ब्रेकिंग
Pipriya ग्राम ऊंटिया किशोर में पकड़ी गांजे की खेती… Narmdapuram कलेक्टर की संजीदगी - साइकिल से दफ्तर पहुंचने वाले आईएएस सोमेश मिश्रा नर्मदापुरम कलेक्टर Narmadapuram जिले के स्कूलों में अनुरक्षण कार्यो होगा भौतिक सत्यायन सोहागपुर में खुले में गेहूँ उपार्जन करने से सहकारी समितियों का इंकार उमंग सिंगार का आरोप - गेहूं खरीदी में देरी इसलिए की जा रही है ताकि भाजपा के एजेंटों और बिचौलियों को ... नरवाई जलाने वाले किसानों के विरुद्ध कार्यवाई, प्रशासन की चेतवानी के बाद भी जलाई नरवाई JABALPUR - बीपीएल परिवार का आशियाना बचाने छुट्टी के दिन खुले हाईकोर्ट के दरवाजे, कोर्ट ने रोकी बुलडो... RTI जानकारी नहीं देने पर लोक सूचना अधिकारी पर 25 हजार जुर्माना Narmdapuram अमानक पालिथिन का उपयोग करते पाए जाने पर नपा ने किया 11 सौ का जुर्माना Bhopal विजयपुर सीट को लेकर सुप्रीम कोर्ट जाएगी कांग्रेस- उमंग सिंगार
आसपास

अयोध्या पहुंचे उद्धव ने कहा- मैं पिछले चार साल से सो रहे कुंभकर्ण को जगाने आया हूं

अयोध्या. शिवसेना प्रमुख उद्धव ठाकरे शनिवार को अयोध्या पहुंचे। उन्होंने कहा कि यहां चार साल से सो रहे कुम्भकरण को जगाने आया हूं। सब मिलकर मंदिर बनाएंगे तो जल्द पूरा हो जाएगा। यदि कोई मंदिर बना सकता है तो वह श्रेय भी ले सकता है। उद्धव ने कहा कि हमें मंदिर बनाने की तारीख चाहिए। बाकी बातें बाद में होती रहेंगी।
उद्धव ने कहा, ‘हर हिन्दू की यही इच्छा है कि मंदिर जल्द से जल्द बने, यदि आप (मोदी) राम मंदिर पर अध्यादेश लाने जा रहे हैं, तो शिवसेना निश्चित रूप से समर्थन देगी।’ इससे पहले उद्धव ने हनुमान गढ़ी के महंत संतोष वैदिक 108 ब्राह्मणों के साथ गौरी-गणेश की पूजा की। इस पूजा में उद्धव का परिवार भी शामिल हुआ। विहिप कैंप के संत और मंदिर न्यास अध्यक्ष नृत्य गोपाल दास भी शिवसेना के कार्यक्रम में पहुंचे।

मंदिर जल्द बने यही सबकी अभिलाषा- नृत्य गोपाल

महंत नृत्य गोपाल ने उद्धव को आशीर्वाद दिया। कहा- ‘‘आप जल्दी राम मंदिर का निर्माण कराइए। मंदिर जल्द बने, यही सबकी अभिलाषा है।’’ उद्धव की पार्टी के कार्यकर्ता भी 2 स्पेशल ट्रेनों से अयोध्या पहुंच रहे हैं। उद्धव लक्ष्मण किले में संतों से मुलाकात करेंगे। शाम को सरयू आरती में शामिल होंगे। रविवार सुबह रामलला के दर्शन का कार्यक्रम है।

धर्म सभा के बाद सीधे मंदिर बनेगा- विहिप

रविवार को यहां होने वाली धर्म सभा से पहले विश्व हिंदू परिषद ने कहा है कि यह हमारी अाखिरी बैठक होगी। इसके बाद और सभाएं या प्रदर्शन नहीं होंगे। न ही किसी को समझाया जाएगा। सीधे मंदिर निर्माण होगा। विहिप के संगठन सचिव भोलेंद्र ने कहा, ‘‘हमने पहले 1950 से 1985 तक 35 साल अदालती फैसले का इंतजार किया। इसके बाद 1985 से 2010 तक का समय हाईकोर्ट को फैसला देने में लग गया। इसके बाद सुप्रीम कोर्ट ने त्वरित सुनवाई की अर्जी दो मिनट में ठुकरा दी। दुर्भाग्य है कि 33 साल से रामलला टेंट में हैं। अब और इंतजार नहीं होगा।’’

Related Articles

Back to top button
error: Content is protected !!