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रातापानी अभ्यारण्य में फिर हुई बाघ की मौत

राजू प्रजापति

रायसेन मण्डीदीप. टाईगर के दोनों आगे के पंजे काटे गए शिकार की आशंका।थी ५ साल का है बाघ। फीमेल हे मौत का कारण अज्ञात। वन विहार भोपाल के डाक्टरों की टीम और एसटीएफ व डॉग स्कॉट की टीमें भी मौके पर। वन विभाग के आलाधिकारी मौके पर पहुँचे। है। 2 दिन पुराना बताया जा रहा है बाघ का शव। बिनेका रेंज का मामला। है डॉक्टरों ने बताया बाग फीमेल है बाघ की मौत का मामला विनेका रेंज में मृत पाए गए बाघ का पोस्टमार्टम हो चुका हे। डीएफओ अरविंद प्रताप सिंह ने बताया कि बाघ का जो सब शव पाया गया था
उसके शरीर पर किसी प्रकार के चोट के निशान नहीं है ।इससेअंदाजा लगाया जा रहा है। की उसकी मौत के बाद कोई व्यक्ति उसके दोनों पंजे काट कर ले गया होगा अभी यह जांच का विषय है वन विभाग व एसटीएफ कि टीमे जंगल में सर्च कर रही हैं लेकिन अभी तक किसी भी प्रकार का कोई सबूत नहीं मिल सका है। जिससे यह अनुमान लगाया जा रहा है। कि बाघ का शिकार हुआ हो पीएम रिपोर्ट आने के बाद मामले का खुलासा होगा इससे पहले भी गोहरगंज में कुछ माह पूर्व एक बाघ का शिकार हुआ था ।रातापानी अभहरण क्षेत्र में यह दूसरी घटना है। इस प्रकार की घटनाओं से बाघ के ऊपर संकट के बादल मंडराते नजर आ रहे हैं वन विभाग की लापरवाही और सुरक्षा पर सवालिया निशान खड़ा हो रहा है इतनी सर्चिंग के बाद भी इस प्रकार के घटनाओं में लगातार इजाफा क्यों हो रहा है यह एक जांच का विषय है भोपाल से वन विहार की टीम ने फीमेल बाघ का पोस्टमार्टम किया इसके बाद रिपोर्ट आना अभी बाकी है रिपोर्ट आने के बाद ही मौत के कारणों का खुलासा हो पाएगा लेकिन सवाल यह उठता है कि बाघों की सुरक्षा के लिए जो वन विभाग दावे करता था उसके कलाई खुल गई लगातार रायसेन जिले के अब्दुल्लागंज क्षेत्र के अंतर्गत बाघों की मौत ने फिर भूचाल ला दिया 2 दिन पुराना शव बताया जा रहा है ।तो इससे अंदाजा लगाया जा सकता है ।कि उस क्षेत्र में वन विभाग की सर्चिंग टीम ने गस्त नहीं की अगर करते तो तुरंत जानकारी मिल सकती थी लेकिन ऐसा नहीं हो सका अगर स्वास्थ्य खराब होने के कारण मौत की पुष्टि होती है ।तो भी गस्त कर रही टीम को बाघ मिल सकता था ।और उसे समय पर उपचार देकर ठीक किया जा सकता था ।इससे यह अनुमान लगाया जाता है
किस सिर्फ कागजों में ही वन विभाग कि टीमें जंगलों में गस्त कर रही हैं।

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